उद्योग विभाग, चंडीगढ़ प्रशासन ने राइजिंग एंड एक्सेलेरेटिंग एमएसएमई परफॉर्मेंस (RAMP) कार्यक्रम के तहत शहर के 30,000 अपंजीकृत सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को औपचारिक अर्थव्यवस्था से जोड़ने के लिए एक व्यापक अभियान शुरू किया है।
RAMP सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय, भारत सरकार की एक प्रमुख पहल है, जिसे विश्व बैंक का सहयोग प्राप्त है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य एमएसएमई को वित्तीय सहायता तक बेहतर पहुंच, बाजार से मजबूत जुड़ाव तथा उद्यमों की समग्र वृद्धि के माध्यम से सशक्त बनाना है।
इस पहल के अंतर्गत चंडीगढ़ के अपंजीकृत एमएसएमई, जिनमें विनिर्माण इकाइयां, सेवा प्रदाता तथा व्यापारी शामिल हैं, को भारत सरकार की आधिकारिक एमएसएमई मान्यता प्रणाली उद्यम पंजीकरण (Udyam Registration) नि:शुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। औपचारिकीकरण के बाद उद्यमों को संस्थागत ऋण प्राप्त करने तथा प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY), क्रेडिट गारंटी फंड ट्रस्ट फॉर माइक्रो एंड स्मॉल एंटरप्राइजेज (CGTMSE) तथा प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) जैसी विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त करने में सुविधा होगी। साथ ही उनकी विश्वसनीयता एवं विकास की संभावनाओं में भी वृद्धि होगी।
इस अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए उद्योग विभाग ने फॉरविस मज़ार्स एलएलपी (Forvis Mazars LLP) को कार्यान्वयन एजेंसी के रूप में नियुक्त किया है। प्रशिक्षित सर्वेक्षण दल औद्योगिक क्षेत्रों, वाणिज्यिक बाजारों तथा विभिन्न व्यावसायिक क्लस्टरों का दौरा कर अपंजीकृत उद्यमों की पहचान करेंगे तथा उन्हें मौके पर ही नि:शुल्क उद्यम पंजीकरण संबंधी सहायता प्रदान करेंगे।
उद्योग विभाग ने सभी एमएसएमई उद्यमियों एवं व्यापारियों से अपील की है कि वे सर्वेक्षण दलों का पूर्ण सहयोग करें तथा आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराएं, ताकि इस अभियान में अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित की जा सके। अधिक जानकारी अथवा सहायता के लिए इच्छुक उद्यमी उद्योग विभाग, चंडीगढ़ प्रशासन से भी संपर्क कर सकते हैं।


