पंजाब के माननीय राज्यपाल एवं यू.टी. चंडीगढ़ के प्रशासक श्री गुलाब चंद कटारिया ने आज नगर निगम चंडीगढ़ के सहयोग से चंडीगढ़ में 9वें राष्ट्रीय पोषण माह-2026 का शुभारंभ किया। महिलाओं, बच्चों और परिवारों में पोषण के प्रति जागरूकता बढ़ाने तथा स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से यह माहभर चलने वाला अभियान 9 सितंबर से 8 अक्टूबर, 2026 तक आयोजित किया जा रहा है।
इस अवसर पर चंडीगढ़ के महापौर श्री सौरभ जोशी; चंडीगढ़ प्रशासन के गृह सचिव श्री मंदीप सिंह बराड़, आईएएस; समाज कल्याण, महिला एवं बाल विकास सचिव श्री हरप्रीत सिंह सूदन, आईएएस; समाज कल्याण, महिला एवं बाल विकास निदेशक श्री नवीन रत्तू, दानिक्स तथा चंडीगढ़ व्यापार मंडल के अध्यक्ष (प्रधान) श्री संजीव चड्ढा भी उपस्थित रहे।
शुभारंभ समारोह के दौरान माननीय प्रशासक ने गुब्बारे छोड़कर अभियान की शुरुआत की तथा गर्भवती महिलाओं के लिए आयुष और स्वास्थ्य विभागों के सहयोग से पोषण जांच शिविर सहित विभिन्न महत्वपूर्ण पहलों का शुभारंभ किया। उन्होंने सीआईटी-एसएसएम और नीति आयोग के सहयोग से तैयार किए गए ‘पोषण स्कोर कार्ड’ का भी विमोचन किया। पीएमएमवीवाई योजना के अंतर्गत आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को ₹24,61,900 की प्रोत्साहन राशि भी वितरित की गई।
पोषण माह के अंतर्गत चंडीगढ़ के विभिन्न आंगनवाड़ी केंद्रों पर पोषण एवं स्वास्थ्य जागरूकता संबंधी गतिविधियां आयोजित की गईं। डड्डूमाजरा में एएनएम द्वारा ‘संतुलित आहार एवं स्वस्थ पोषण’ विषय पर जागरूकता सत्र आयोजित किया गया, जबकि आरसी धनास-1 में लाभार्थियों को गर्म पके हुए भोजन (एचसीएम) के पोषण संबंधी महत्व के बारे में जागरूक किया गया।
औद्योगिक क्षेत्र स्थित मौली गांव में ‘माई प्लेट–हेल्दी प्लेट’ कार्यक्रम भी आयोजित किया गया, जिसमें लाभार्थियों को संतुलित आहार, मौसमी फल एवं सब्जियों तथा आवश्यक खाद्य समूहों के बारे में जानकारी दी गई।
अन्य गतिविधियों में प्रसव-पूर्व जांच, आयरन एवं फोलिक एसिड (आईएफए) की गोलियों का वितरण, एनीमिया एवं टीकाकरण के प्रति जागरूकता, हाथ धोने का प्रदर्शन, पोषण संबंधी परामर्श तथा प्रसव की तैयारी एवं दस्त की रोकथाम से जुड़े जागरूकता सत्र शामिल रहे। माताओं को पोषण, मौसमी फल एवं सब्जियों, टीकाकरण, दवाइयों तथा केवल स्तनपान के महत्व के बारे में परामर्श देने के लिए घर-घर जाकर संपर्क भी किया गया।
चंडीगढ़ में पोषण से संबंधित जन आंदोलन को और सशक्त बनाने के उद्देश्य से यह अभियान विभिन्न समुदाय-आधारित गतिविधियों के साथ जारी रहेगा।


