हरियाणा विधान सभा की मेजबानी में 8-9 जून को आयोजित राष्ट्रमंडल संसदीय संघ (सीपीए) भारत क्षेत्र के जोन-II सम्मेलन ने भव्य आयोजन और उत्कृष्ट मेजबानी की नई मिसाल पेश की। इसके लिए विस अध्यक्ष हरविन्द्र कल्याण ने सम्मेलन की गरिमा बढ़ाने के लिए लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला, राज्य सभा के उप-सभापति हरिवंश, हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष और मुख्यमंत्री नायब सिंह को पत्र लिखकर विशेष रूप से आभार जताया है। विस अध्यक्ष ने सम्मेलन में भागीदार उत्तर क्षेत्र के पांचों राज्यों के साथ-साथ विभिन्न राज्य विधान मंडलों से आए पीठासीन अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों का भी आभार जताया। विस अध्यक्ष कल्याण ने कहा कि इन सभी प्रतिभागियों ने सार्थक चर्चा कर लोकतांत्रिक संवाद को मजबूती प्रदान की है। इस दौरान भविष्य की चुनौतियों पर गंभीर विमर्श करते हुए ‘विकसित भारत-2047’ के विजन को साकार करने के रास्ते तलाशे गए। वक्ताओं ने कहा कि इस सपने को साकार करने में जहां सदन के सदस्यों की अहम भूमिका है, वहीं इसके लिए समाज का जागरूक होना भी अति जरूरी है।
दो दिवसीय सम्मेलन में नॉर्थ जोन के पांचों राज्यों सहित 13 विधान मंडलों के पीठासीन तथा उप-पीठासीन अधिकारी और जनप्रतिनिधि शामिल हुए, जिनमें से लगभग 40 प्रतिभागियों ने निर्धारित विषय पर विचार रखे। उन्होंने हरियाणा के राज्य गीत की पंक्ति ‘अतिथि देवो भवः, यहां सेवा धर्म निभाणा’ का उल्लेख करते हुए राज्य की आतिथ्य परंपरा की विशेष रूप से प्रशंसा की।
विस अध्यक्ष ने कहा कि सम्मेलन के उद्घाटन सत्र में हरियाणा विधान सभा का सदन ‘लघु भारत’ का स्वरूप प्रस्तुत करता नजर आया, जहां विभिन्न राज्यों और दलों के जनप्रतिनिधि एक साथ बैठे दिखाई दिए। इस व्यवस्था की प्रतिभागियों ने विशेष सराहना की।
सम्मेलन के समापन पर 4 लिखित संकल्प पारित किए गए, जबकि उत्कृष्ट मेजबानी और सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर विधान सभा अध्यक्ष हरविन्द्र कल्याण के प्रति आभार का एक अलिखित प्रस्ताव भी ध्वनिमत से स्वीकार किया गया।
विधान सभा अध्यक्ष हरविन्द्र कल्याण बुधवार को मेहमानों को सादर विदा करने में व्यस्त रहे। उन्होंने प्रत्येक अतिथि का सहयोग करने के लिए जहां संपर्क अधिकारी तैनात किए थे, वहीं वे व्यक्तिगत रूप से हर किसी की चिंता करते रहे। विधान सभा अध्यक्ष ने प्रदेश के मुख्यमंत्री नायब सिंह, प्रदेश सरकार, उसके सभी विभागों का विशेष रूप से आभार व्यक्त किया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार और विधान सभा के अधिकारियों, कर्मचारियों की दिनरात की मेहनत और लग्न से इस आयोजन को भव्य रूप दिया जा सका। विस अध्यक्ष ने मीडियाकर्मियों का भी विशेष रूप से आभार जताते हुए कहा कि समाचार माध्यमों ने रचनात्मक दृष्टिकोण अपनाते हुए सम्मेलन के विमर्श को जनमानस तक पहुंचाया है। इसे समाज में संवैधानिक मूल्यों के लिए निष्ठा और प्रगाढ़ हुई है।


