वर्ष 2026 की तृतीय राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन 12 सितंबर 2026 को माननीय श्री न्यायमूर्ति अश्वनी कुमार मिश्रा, कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश, पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय-सह-सरंक्षक-प्रमुख, राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, यू.टी. चंडीगढ़ तथा माननीय श्री न्यायमूर्ति हरसिमरन सिंह सेठी, कार्यकारी अध्यक्ष, राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, यू.टी. चंडीगढ़ के नेतृत्व में किया जाएगा।
राष्ट्रीय लोक अदालत में सभी प्रकार के दीवानी वाद तथा समझौतायोग्य आपराधिक मामलों का आपसी सहमति से निस्तारण किया जाएगा। इनमें वसूली संबंधी मामले, श्रम विवाद, उपभोक्ता मामले, चेक अनादरण (चेक बाउंस) के मामले, वैवाहिक विवाद, मोटर दुर्घटना दावा मामले तथा अन्य समझौतायोग्य मामले शामिल हैं।
वादकारियों की सुविधा के लिए जिला न्यायालय परिसर, सेक्टर-43, चंडीगढ़ की प्रत्येक मंजिल पर सहायता डेस्क (Help Desk) स्थापित किए जाएंगे। इन सहायता डेस्कों पर राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, यू.टी. चंडीगढ़ के अधिकारी एवं कर्मचारी तैनात रहेंगे, जो लोक अदालत से संबंधित आवश्यक जानकारी एवं मार्गदर्शन उपलब्ध कराएंगे।
राष्ट्रीय लोक अदालत के संचालन हेतु कार्यरत न्यायिक अधिकारियों की अध्यक्षता में विभिन्न पीठों का गठन किया जाएगा, जो मामलों के त्वरित, किफायती एवं सौहार्दपूर्ण निस्तारण का प्रयास करेंगी।
श्री अरुण कुमार अग्रवाल, सदस्य सचिव, राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, यू.टी. चंडीगढ़ ने वादकारियों से अपील की है कि वे इस अवसर का अधिक से अधिक लाभ उठाएं तथा अपने पात्र मामलों को राष्ट्रीय लोक अदालत में सूचीबद्ध करवाने के लिए संबंधित न्यायालय अथवा राज्य/जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, यू.टी. चंडीगढ़ से संपर्क करें, ताकि उनका निस्तारण आपसी सहमति से किया जा सके।


