मोहाली द्वारा पंजाब के सरकारी पॉलीटेक्निक कॉलेजों के फैकल्टी सदस्यों के लिए “एडवांस्ड एनालिटिकल टेक्निक्स” विषय पर पांच दिवसीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम (एफडीपी) का आयोजन 17 से 21 अगस्त 2026 तक किया जा रहा है। यह कार्यक्रम तकनीकी शिक्षा एवं औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग, पंजाब सरकार के सहयोग से आयोजित किया जा रहा है।
एफडीपी का उद्देश्य प्रतिभागियों के तकनीकी ज्ञान एवं उन्नत विश्लेषणात्मक तकनीकों की व्यावहारिक समझ को मजबूत करना है। कार्यक्रम के माध्यम से सैद्धांतिक ज्ञान और उसके व्यावहारिक अनुप्रयोग के बीच की दूरी को कम करने तथा शिक्षण क्षमताओं को और बेहतर बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। पंजाब के विभिन्न सरकारी पॉलीटेक्निक कॉलेजों से कुल 15 फैकल्टी सदस्य इस कार्यक्रम में भाग ले रहे हैं।
कार्यक्रम के उद्घाटन समारोह में श्री मोनीश कुमार, आईएएस, निदेशक, तकनीकी शिक्षा एवं औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग, पंजाब ने मुख्य अतिथि/विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे । उन्होंने अपने संबोधन में कार्यक्रम के प्रतिभागियों को मूलभूत अवधारणाओं को अच्छी तरह समझने तथा इन्हें विद्यार्थियों तक सरल एवं प्रभावी तरीके से पहुंचाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने इस महत्वपूर्ण पहल के लिए नाईपर, मोहाली के निदेशक का आभार भी व्यक्त किया।
प्रो. दुलाल पांडा, निदेशक, नाईपर ने अपने संबोधन में खाद्य पदार्थों में मिलावट की पहचान तथा दवाओं में अशुद्धियों और उनके परीक्षण जैसे व्यावहारिक उदाहरणों का उल्लेख किया, जिनमें उच्च स्तरीय विश्लेषणात्मक उपकरणों का उपयोग किया जाता है। उन्होंने प्रतिभागियों से तकनीकों को गहराई से सीखने और इस ज्ञान को विद्यार्थियों तक प्रभावी ढंग से सिखाने की बात कही।
प्रो. आई.पी. सिंह, एसोसिएट डीन, नाईपर, मोहाली ने सभी प्रतिनिधियों का स्वागत करते हुए फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने प्रतिभागियों को कार्यक्रम में पूरे मनोयोग से भाग लेने तथा हैंड्स-ऑन प्रशिक्षण के दौरान अपनी किसी भी डाउट का समाधान प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया।
प्रो. एस.के. गुछैत, कोर्स कोऑर्डिनेटर ने एफडीपी के कार्यक्रम एवं शेड्यूल की संक्षिप्त रूपरेखा प्रस्तुत की और प्रतिभागियों को पांच दिवसीय प्रशिक्षण के दौरान आयोजित होने वाले विभिन्न सत्रों एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण से अवगत कराया।
समारोह के अंत में रजिस्ट्रार, विंग कमांडर (सेवानिवृत्त) पी.जे.पी. सिंह वडैच ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया। उद्घाटन समारोह सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।


